Site icon Jan Bharat Samachar

“भ्रष्ट अधिकारियों के संरक्षण के बिना अवैध शराब कारोबार संभव नहीं” : रोहन सुरवसे-पाटील का आरोप

Spread the love

पुणे। पुणे शहर और जिले में चल रहे अवैध हाथभट्टी शराब कारोबार के कारण निर्दोष नागरिकों की जान जा रही है और इस पूरे रैकेट को राज्य उत्पादन शुल्क विभाग के भ्रष्ट अधिकारियों एवं कर्मचारियों का संरक्षण प्राप्त है, ऐसा गंभीर आरोप राष्ट्रवादी कांग्रेस के नेता रोहन सुरवसे-पाटील ने लगाया है। उन्होंने इस मामले में संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों की जांच कर उनके खिलाफ तत्काल कड़ी कार्रवाई करने की मांग जिलाधिकारी जितेंद्र डूडी को ज्ञापन सौंपकर की है।
पाटिल ने कहा है कि हडपसर तथा पिंपरी-चिंचवड़ महानगरपालिका क्षेत्र में पिछले दो दिनों के दौरान जहरीली हाथभट्टी शराब पीने से लगभग 15 लोगों की मौत हो चुकी है। इस घटना से शहर में भारी आक्रोश फैल गया है और कई परिवार उजड़ गए हैं। पुलिस ने कुछ आरोपियों को गिरफ्तार किया है, लेकिन गिरफ्तार किए गए आरोपियों पर पहले से भी कई आपराधिक मामले दर्ज होने की जानकारी सामने आई है।
सुरवसे-पाटील ने कहा कि ऐसे शातिर आरोपियों द्वारा शहर के विभिन्न हिस्सों में खुलेआम अवैध शराब का निर्माण और बिक्री की जा रही थी। ऐसे में राज्य उत्पादन शुल्क विभाग आखिर क्या कर रहा था, यह बड़ा सवाल है। उन्होंने आरोप लगाया कि विभाग के कुछ अधिकारियों और कर्मचारियों की मिलीभगत के बिना इतने बड़े पैमाने पर अवैध शराब कारोबार जारी रहना संभव नहीं है।
उन्होंने इस पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कराने, दोषी अधिकारियों और कर्मचारियों को तत्काल निलंबित करने तथा उनके खिलाफ आपराधिक मामले दर्ज करने की मांग की है। साथ ही भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए अवैध हाथभट्टी शराब अड्डों के खिलाफ विशेष अभियान चलाकर कठोर कार्रवाई करने की आवश्यकता भी व्यक्त की।
इस संबंध में भेजे गए ज्ञापन की प्रतियां महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार, राज्य उत्पादन शुल्क मंत्री शंभूराज देसाई तथा राज्य उत्पादन शुल्क विभाग के आयुक्त को भी भेजी गई है।

Exit mobile version