पुणे: योग भारतीय संस्कृति की अमूल्य धरोहर है और इसे जन-जन तक पहुंचाने के लिए ऐसे कार्यक्रमों का आयोजन निरंतर किया जाएगा। यह विचार उपमहापौर परशुराम वाडेकर ने व्यक्त किया। अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर पुणे महानगरपालिका की ओर से सर परशुराम महाविद्यालय, पुणे में भव्य योग कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में नागरिकों, विद्यार्थियों तथा विभिन्न सामाजिक संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
कार्यक्रम में प्रमुख अतिथि के रूप में पुणे की महापौर सौ. मंजुषाताई नागपुरे, उपमहापौर परशुराम वाडेकर, सांसद मेधाताई कुलकर्णी, विधायक हेमंत रासने, स्थायी समिति अध्यक्ष श्रीनाथ भिमाले, भाजपा शहराध्यक्ष धीरज घाटे, पुणे महानगरपालिका के अतिरिक्त आयुक्त ओमप्रकाश दिवटे तथा उपायुक्त माधव जगताप उपस्थित रहे।

इस अवसर पर सभी मान्यवरों ने योग के महत्व पर प्रकाश डालते हुए नागरिकों से नियमित योग एवं प्राणायाम को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि योग न केवल शारीरिक स्वास्थ्य को बेहतर बनाता है, बल्कि मानसिक शांति और सकारात्मक जीवनशैली को भी बढ़ावा देता है।
कार्यक्रम में सामूहिक योगाभ्यास का आयोजन किया गया, जिसमें सभी आयु वर्ग के लोगों ने सहभागिता दर्ज कराई। उपस्थित नागरिकों ने इस पहल की सराहना करते हुए योग को स्वस्थ और संतुलित जीवन का आधार बताया।