पुणे। संत ज्ञानेश्वर महाराज आषाढ़ी वारी पालखी सोहळे के लिए इस वर्ष एक नया, आधुनिक तकनीक से तैयार चांदी का रथ भक्तों की सेवा में शामिल किया गया है। आलंदी के पास चिंबली में तैयार किए गए इस रथ में परंपरा और आधुनिकता का सुंदर संगम देखने को मिलता है।
नया रथ पुराने रथ की तुलना में करीब 1 टन हल्का है। पहले रथ का वजन लगभग ढाई टन था, जबकि नए रथ का वजन करीब डेढ़ टन रखा गया है, जिससे बैलों और भक्तों के लिए इसे खींचना अधिक आसान होगा। रथ का निर्माण डीआरडीओ के मार्गदर्शन और अष्टेकर ज्वेलर्स के सहयोग से किया गया है। इसमें आधुनिक बेयरिंग और कपलिंग तकनीक का उपयोग किया गया है, जिससे रथ की गति अधिक सहज और सुगम होगी।
सुरक्षा के लिए रथ पर आठ सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे। इसके ऊपरी हिस्से को फाइबर से तैयार कर उस पर चांदी की इलेक्ट्रोप्लेटिंग की गई है। रथ के अग्रभाग में माउली की मूर्ति के साथ सूर्य, गरुड़, हनुमान तथा जय-विजय की प्रतिकृतियां भी बनाई गई हैं। करीब 20 से 25 लाख रुपये की लागत से तैयार यह रथ 8 जुलाई के प्रस्थान सोहळे से पहले माउली की सेवा में समर्पित किया जाएगा।
आलंदी में संत ज्ञानेश्वर महाराज पालखी यात्रा के लिए नया चांदी का रथ तैयार

