Site icon Jan Bharat Samachar

बस्ती क्षेत्र की सैकड़ों माताओं ने मंत्री चंद्रकांतदादा पाटील को बांधी राखी

Spread the love

सखी-सुखदा वुमन वेलफेयर फाउंडेशन के माध्यम से बालवाड़ी शुरू करने की घोषणा

पुणे। रक्षाबंधन केवल भाई-बहन के प्रेम का त्योहार नहीं, बल्कि रिश्तों में स्नेह, विश्वास और कृतज्ञता व्यक्त करने का अवसर भी है। इसी भावना के साथ सखी-सुखदा वुमन वेलफेयर फाउंडेशन की बहनों के साथ मंत्री चंद्रकांतदादा पाटील ने रक्षाबंधन पर्व मनाया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में माताओं ने चंद्रकांतदादा पाटील की कलाई पर राखी बांधकर अपने जीवन के अनमोल क्षणों में मिले सहयोग के प्रति आभार व्यक्त किया।

चंद्रकांतदादा पाटील की संकल्पना से शुरू किए गए सखी-सुखदा वुमन वेलफेयर फाउंडेशन के माध्यम से कोथरूड क्षेत्र की बस्ती में रहने वाली अनेक महिलाओं को सुरक्षित प्रसूति के लिए सहायता उपलब्ध कराई जाती है। आर्थिक कठिनाइयों के कारण प्रसव के दौरान उपचार का खर्च, स्वास्थ्य संबंधी चिंता और सुरक्षित प्रसूति की व्यवस्था कई परिवारों के लिए बड़ी चुनौती बन जाती है। ऐसे में इस पहल के माध्यम से जरूरतमंद माताओं को सहयोग मिला और उनकी प्रसूति सुरक्षित रूप से संपन्न हुई।

रक्षाबंधन के अवसर पर इस पहल का लाभ लेने वाली माताओं ने चंद्रकांतदादा पाटील को राखी बांधी। इस दौरान माहौल भावुक हो गया। जिन हाथों ने सुरक्षित प्रसूति के लिए माताओं को सहारा दिया, उन्हीं हाथों पर माताओं ने प्रेम और कृतज्ञता का धागा बांधा। माताओं के चेहरों पर दिखाई दे रही खुशी और आंखों में झलक रही कृतज्ञता इस सामाजिक पहल की सफलता की सच्ची पावती बनी।

राखी बांधते समय माताओं ने अपनी भावनाएं व्यक्त करते हुए कहा कि “हमारे बच्चों को सुरक्षित रूप से इस दुनिया में लाने के लिए आपने जो सहयोग दिया, उसे हम कभी नहीं भूलेंगे।” माताओं की इस भावना ने उपस्थित सभी लोगों को भावुक कर दिया।

इस अवसर पर चंद्रकांतदादा पाटील ने कहा, “आज हमारी बहनें सक्षम और समर्थ हुई हैं। रक्षाबंधन का यह त्योहार और इसके पीछे की भावना हमेशा कायम रहनी चाहिए। ‘सखी-सुखदा’ के माध्यम से सुरक्षित प्रसूति में सहायता करने के साथ ही गर्भवती महिलाओं के लिए हमारी संस्कृति और संस्कारों को भी संजोने का प्रयास किया गया है।”

उन्होंने कहा कि “देने वाला देता रहे, लेने वाला लेता रहे और लेते-लेते एक दिन देने वाले के हाथों को थामने की भावना पैदा हो।” इसी विचार से प्रेरणा लेकर प्रत्येक व्यक्ति को जरूरतमंदों की सहायता के लिए आगे आना चाहिए। उन्होंने माताओं से अपने और अपने बच्चों के स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखने की अपील भी की।

बालवाड़ी शुरू करने की घोषणा

कार्यक्रम के दौरान चंद्रकांतदादा पाटील ने सखी-सुखदा वुमन वेलफेयर फाउंडेशन के माध्यम से बालवाड़ी शुरू करने की घोषणा कर माताओं को रक्षाबंधन की विशेष सौगात दी। इसके साथ ही फाउंडेशन के माध्यम से 16 माह के बच्चे की सुनने की क्षमता बेहतर करने के लिए कॉक्लियर इम्प्लांट सर्जरी कराने की घोषणा भी की गई।कार्यक्रम में संस्था की संचालिका स्मिता पाटील, एडवोकेट तनिषा पाटील, सुरेखा जगताप, आकांक्षा कर्णावत और पूर्व नगरसेविका छाया मारणे सहित कोथरूड क्षेत्र की बस्ती से बड़ी संख्या में माताएं उपस्थित थीं।

Exit mobile version