Site icon Jan Bharat Samachar

*एमआईटी एडीटी की तुषारा थुम्मलापल्ली बनीं भारतीय नौसेना में पायलट

Spread the love

यांत्रिक अभियांत्रिकी से सैन्य विमानन तक का प्रेरणादायी सफर

पुणे – एमआईटी आर्ट, डिज़ाइन एंड टेक्नोलॉजी विश्वविद्यालय, पुणे की यांत्रिक अभियांत्रिकी विभाग की वर्ष 2024 की स्नातक सुश्री तुषारा थुम्मलापल्ली को भारतीय नौसेना में पायलट के रूप में नियुक्त किया गया है। यह गौरवपूर्ण उपलब्धि न केवल विश्वविद्यालय के लिए गर्व का विषय है, बल्कि देशभर के नवोदित अभियंताओं और युवतियों के लिए प्रेरणा का स्रोत भी है।

महज़ 23 वर्ष की आयु में तुषारा ने नौसेना के विशिष्ट पायलट दल में स्थान प्राप्त किया है। एक इंजीनियरिंग छात्रा से सैन्य अधिकारी बनने तक का उनका यह सफर उनकी शैक्षणिक उत्कृष्टता, दृढ़ संकल्प और राष्ट्रसेवा के प्रति अटूट प्रतिबद्धता का परिचायक है।

यांत्रिक अभियांत्रिकी विभाग के प्राध्यापकों के अनुसार, तुषारा ने अपने अध्ययन काल में निरंतर उत्कृष्ट शैक्षणिक प्रदर्शन और नेतृत्व क्षमता का परिचय दिया। वह विभागीय परियोजनाओं और तकनीकी गतिविधियों में सदैव सक्रिय रहीं। एक प्राध्यापक ने कहा, “प्रथम दिन से ही तुषारा में एक अधिकारी जैसी अनुशासनप्रियता, संकल्पशक्ति और नेतृत्व क्षमता स्पष्ट रूप से दिखाई देती थी। उनकी यह यात्रा विशेषकर छात्राओं को रक्षा और विमानन जैसे क्षेत्रों में करियर बनाने हेतु प्रेरित करेगी।”

इस उपलब्धि के उपलक्ष्य में एमआईटी शैक्षणिक समूह के संस्थापक अध्यक्ष विश्वधर्मी प्रो. डॉ. विश्वनाथ दा. कराड, कार्याध्यक्ष प्रो. डॉ. मंगेश कराड, कार्यकारी संचालक प्रो. डॉ. सुनीता कराड, कुलगुरु प्रो. डॉ. राजेश एस., प्र-कुलगुरु डॉ. रामचंद्र पुजेरी, डॉ. मोहित दुबे, कुलसचिव डॉ. महेश चोपडे, विभागाध्यक्ष डॉ. वीरेंद्र शेटे, तथा अधिष्ठाता डॉ. सुदर्शन सानप देव ने तुषारा को हार्दिक बधाई दी है।

“एमआईटी एडीटी विश्वविद्यालय ने मुझे केवल एक अभियंता नहीं, बल्कि जीवन की चुनौतियों का सामना करने के लिए तैयार नागरिक के रूप में गढ़ा है। यहां मिली प्रत्येक शिक्षा और अनुभव मेरे व्यक्तित्व के निर्माण में अत्यंत महत्वपूर्ण रहे हैं। यांत्रिक अभियांत्रिकी विभाग ने न केवल तकनीकी दक्षता, बल्कि रणनीतिक सोच विकसित करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।”
*— तुषारा थुम्मलापल्ली, पायलट, भारतीय नौसेना*

Exit mobile version