पिंपरी-चिंचवड़ को ‘स्मार्ट और सुरक्षित’ शहर बनाने पर जोर — नगरसेविका अनुराधा गोरखे
महानगरपालिका की वर्ष 2026-27 की बजट सर्वसाधारण सभा

पिंपरी-चिंचवड़. महाराष्ट्र के प्रमुख औद्योगिक शहर पिंपरी-चिंचवड़ के समग्र विकास के लिए ‘स्मार्ट और सुरक्षित शहर’ की संकल्पना को प्राथमिकता देने की आवश्यकता है। केवल सड़क निर्माण से विकास संभव नहीं, बल्कि नागरिकों को बेहतर स्वास्थ्य, शिक्षा और सुरक्षा सुविधाएं उपलब्ध कराना उनका अधिकार है, ऐसा मत नगरसेविका अनुराधा गोरखे ने व्यक्त किया। वे पिंपरी-चिंचवड़ महानगरपालिका की वर्ष 2026-27 की बजट सर्वसाधारण सभा में बोल रही थीं।
इस दौरान अनुराधा गोरखे ने शहर के सर्वांगीण विकास के लिए कई महत्वपूर्ण और नवाचारी सुझाव प्रशासन के समक्ष रखे।
अंतरराष्ट्रीय खेल विश्वविद्यालय की मांग
शहर के युवा खिलाड़ियों को वैश्विक स्तर पर अवसर उपलब्ध कराने के उद्देश्य से पिंपरी-चिंचवड़ में ‘स्व. अजितदादा पवार अंतरराष्ट्रीय खेल विश्वविद्यालय’ स्थापित करने का प्रस्ताव उन्होंने रखा। इसके अलावा, मनपा स्कूलों के विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए तैयार करने हेतु विशेष मार्गदर्शन केंद्र शुरू करने, डिजिटल क्लासरूम और विशेषज्ञ शिक्षकों की उपलब्धता सुनिश्चित करने पर भी उन्होंने जोर दिया।
महिला सुरक्षा और उद्यमिता को बढ़ावा
महिलाओं की सुरक्षा के लिए सार्वजनिक स्थानों पर स्मार्ट लाइटिंग और सीसीटीवी नेटवर्क को मजबूत करने की आवश्यकता बताई गई। साथ ही, महिला बचत समूहों को प्रोत्साहन देने के लिए विशेष ‘महिला उद्यमिता निधि’ स्थापित करने की मांग भी उन्होंने की। उन्होंने यह भी सुझाव दिया कि अनावश्यक और दिखावटी परियोजनाओं को रोककर जरूरी कार्यों को प्राथमिकता दी जाए तथा पुरानी संपत्तियों के रखरखाव के लिए अलग ‘मेंटेनेंस फंड’ बनाया जाए।
पर्यावरण और डिजिटल प्रशासन पर जोर
बढ़ते प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए शहर में ‘मिनी फॉरेस्ट’ विकसित करने और ई-वाहनों के लिए चार्जिंग स्टेशन स्थापित करने पर उन्होंने बल दिया। साथ ही, नागरिकों की सुविधा के लिए महानगरपालिका के कामकाज को 100 प्रतिशत डिजिटल और पेपरलेस बनाने की मांग भी की।



