नमित मल्होत्रा की ‘रामायणम्’ ने भारत से विश्व तक की अपनी यात्रा की शुरुआत की
24 जुलाई को होने वाले विश्वव्यापी ट्रेलर प्रीमियर से पहले, 'रामायणम्' के निर्माताओं ने नई दिल्ली में विशेष प्रथम अनावरण के साथ इसकी वैश्विक यात्रा का औपचारिक शुभारंभ किया

मुंबई; 24 जुलाई को होने वाले विश्वव्यापी ट्रेलर प्रीमियर से पहले रामायणम् के निर्माताओं ने नई दिल्ली में फिल्म की पहली विशेष झलक प्रस्तुत की। इस शाम को ‘प्रथम संकल्प’ के रूप में मनाया गया, जो रामायणम् की भारत से विश्व तक की यात्रा का औपचारिक शुभारंभ है।भारतीय परंपरा में ‘संकल्प’ किसी महान कार्य की शुरुआत से पहले लिया गया जागरूक संकल्प और प्रतिबद्धता होता है। रामायणम् के निर्माताओं के लिए यह भारत की सबसे महान सांस्कृतिक धरोहरों में से एक का सम्मान करते हुए उसे प्रामाणिकता, कलात्मक उत्कृष्टता और गहन श्रद्धा के साथ पूरी दुनिया के सामने प्रस्तुत करने की सामूहिक प्रतिबद्धता का प्रतीक है।
इस ऐतिहासिक यात्रा की शुरुआत के लिए नई दिल्ली को चुना गया, जो उस राष्ट्र का हृदय है जिसकी असाधारण विविधता सदियों से रामायणम् के शाश्वत मूल्यों से एकजुट रही है। इस विशेष शाम का मुख्य आकर्षण था रामायणम् के आधिकारिक ट्रेलर की पहली विशेष झलक, जिसका विश्वव्यापी प्रीमियर 24 जुलाई को होगा।
यह यात्रा केवल नई दिल्ली से ही नहीं, बल्कि पूरे भारत से शुरू हुई। रामायण स्कूल्स प्रोग्राम के माध्यम से 500 से अधिक स्कूलों और लाखों बच्चों ने अपनी रचनात्मक अभिव्यक्तियों के जरिए रामायणम् के शाश्वत मूल्यों को आत्मसात किया। इस कार्यक्रम के चुनिंदा विजेताओं को ‘प्रथम संकल्प’ का हिस्सा बनने का अवसर मिला, जबकि देश के 20 शहरों में सैकड़ों बच्चे, क्रिएटर्स और प्रशंसक वैश्विक प्रीमियर से पहले ट्रेलर की विशेष झलक देखेंगे।
‘प्रथम संकल्प’ रामायणम् की मुख्य स्टारकास्ट का पहला सार्वजनिक मिलन भी बना। यह भारतीय सिनेमा की कई पीढ़ियों को भारत की महान सांस्कृतिक विरासत के सम्मान में एक मंच पर लेकर आया।
इस समारोह में प्रसिद्ध फिल्मकार नितेश तिवारी उपस्थित रहे, जिनकी कहानी कहने की कला ने दंगल जैसी फिल्मों के माध्यम से चीन सहित दुनिया भर के दर्शकों का दिल जीता और भारतीय भावनाओं एवं संस्कृति को वैश्विक पहचान दिलाई।
उनके साथ भारतीय सिनेमा की शानदार कलाकारों की टोली भी मौजूद रही, जिसमें अरुण गोविल शामिल थे, जिनकी भगवान श्रीराम की भूमिका आज भी करोड़ों भारतीयों के दिलों में बसती है। अब वे नमित मल्होत्रा की रामायणम् में भगवान राम के पिता राजा दशरथ की भूमिका निभा रहे हैं। उनके साथ दिग्गज अभिनेत्री शोभना (कैकेयी), अजिंक्य देव (महर्षि विश्वामित्र), कुणाल कपूर (देवराज इंद्र), रकुल प्रीत सिंह (शूर्पणखा) और रवि दुबे (लक्ष्मण) भी इस समारोह का हिस्सा बने।
इस भव्य कलाकारों की टोली का नेतृत्व कर रहे हैं सुपरस्टार रणबीर कपूर, जो मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम की भूमिका निभा रहे हैं—एक ऐसा चरित्र जो पीढ़ियों से भारत और दुनिया भर में प्रेम, श्रद्धा और आदर्श का प्रतीक रहा है। साई पल्लवी माता सीता के रूप में अपनी गरिमा, शक्ति और करुणा से इस पूजनीय चरित्र को जीवंत करेंगी। वहीं पैन-इंडिया सुपरस्टार रॉकिंग स्टार यश, जो अपनी कंपनी Monster Mind Creations के माध्यम से फिल्म के सह-निर्माता भी हैं, महान और अजेय प्रतिपक्षी रावण की भूमिका में नजर आएंगे।
इस शाम को और भी यादगार बना दिया सनी देओल की सरप्राइज उपस्थिति ने, जो फिल्म में विश्वभर में पूजनीय भगवान हनुमान की भूमिका निभा रहे हैं।
यह असाधारण कलाकारों का संगम निर्माता नमित मल्होत्रा के उस विजन को दर्शाता है, जिसके तहत भारत की श्रेष्ठ प्रतिभाओं को विश्वस्तरीय फिल्मकारों, कलाकारों, तकनीशियनों और शिल्पकारों के साथ जोड़कर मानव इतिहास की सबसे प्राचीन और प्रेरणादायक कहानियों में से एक को अभूतपूर्व भव्यता, प्रामाणिकता और सिनेमाई उत्कृष्टता के साथ प्रस्तुत किया जा रहा है।
*’रामायणम्’ के निर्माता और क्रिएटिव आर्किटेक्ट नमित मल्होत्रा ने कहा,* “रामायणम् केवल हमारे महानतम महाकाव्यों में से एक नहीं है, बल्कि यह हमारे जीवन, हमारी परंपराओं और हमारी पीढ़ियों से चली आ रही मूल्यों का हिस्सा है। हर वर्ष दशहरा और दीपावली हमें याद दिलाते हैं कि इसका संदेश आज भी करोड़ों लोगों का मार्गदर्शन करता है—अंधकार पर प्रकाश और अधर्म पर धर्म की विजय के रूप में। बहुत कम कहानियां हजारों वर्षों बाद भी लोगों के दैनिक जीवन को इस तरह प्रभावित करती हैं। रामायणम् उन्हीं में से एक है।
वैश्विक फिल्म उद्योग में वर्षों तक काम करने के बाद मेरा हमेशा से यह विश्वास रहा है कि भारत की महानतम कहानियां दुनिया के सबसे बड़े मंच पर प्रस्तुत की जानी चाहिए। आज हमारे पास कलाकार, तकनीक, शिल्प और सामूहिक संकल्प है, जिससे हम इस अद्भुत सांस्कृतिक विरासत को उसकी प्रामाणिकता, भव्यता और सिनेमाई उत्कृष्टता के साथ दुनिया के सामने प्रस्तुत कर सकते हैं।
यह केवल एक फिल्म की शुरुआत नहीं है, बल्कि भारत की सांस्कृतिक समृद्धि को दुनिया के साथ साझा करने की यात्रा की शुरुआत है। भारत ने इस कहानी को हमेशा जिया है और अब इसे दुनिया तक पहुंचाना हमारे लिए गर्व की बात है।”
*फिल्म के निर्देशक नितेश तिवारी ने कहा,* “रामायणम् दुनिया की महानतम कहानियों में से एक है। इसकी महानता इसकी भव्यता में नहीं, बल्कि उन शाश्वत मूल्यों में है जिन्हें यह दर्शाती है। एक फिल्मकार के रूप में मुझे इसे सार्वभौमिक बनाने की जिम्मेदारी कभी महसूस नहीं हुई, क्योंकि यह पहले से ही सार्वभौमिक है। मेरी जिम्मेदारी इसे पूरी ईमानदारी, प्रामाणिकता और श्रद्धा के साथ प्रस्तुत करना था।
लेखन, अभिनय, प्रोडक्शन डिजाइन, संगीत, विजुअल इफेक्ट्स और पर्दे पर दिखाई देने वाले हर फ्रेम का हर निर्णय एक ही विचार से प्रेरित रहा—इस महान विरासत का सम्मान करते हुए इसे सर्वोत्तम सिनेमाई शिल्प के साथ प्रस्तुत करना।
दुनिया के सर्वश्रेष्ठ कलाकारों, तकनीशियनों और कहानीकारों के साथ इस विजन को साकार करना मेरे जीवन का सबसे बड़ा सौभाग्य रहा है। मुझे उम्मीद है कि दुनिया भर के दर्शक रामायणम् में केवल इसका भव्य दृश्य संसार ही नहीं, बल्कि इसकी भावनाओं, मानवता और उस शाश्वत आत्मा का भी अनुभव करेंगे जिसने इसे हजारों वर्षों तक जीवंत बनाए रखा है।”
Prime Focus Studios, आठ बार अकादमी पुरस्कार विजेता विजुअल इफेक्ट्स एवं एनीमेशन स्टूडियो DNEG तथा Monster Mind Creations के सहयोग से प्रस्तुत रामायणम् में अकादमी पुरस्कार विजेता संगीतकार हैंस ज़िमर और ए. आर. रहमान का संगीत है। यह अब तक की सबसे महत्वाकांक्षी सिनेमाई प्रस्तुतियों में से एक मानी जा रही है।
‘प्रथम संकल्प’ रामायणम् की भारत से विश्व तक की यात्रा का औपचारिक शुभारंभ है। अब पूरी दुनिया की निगाहें 24 जुलाई 2026 पर हैं, जब इसका आधिकारिक ट्रेलर वैश्विक स्तर पर रिलीज़ होगा। इसके बाद ‘ रामायणम् : पार्ट वन’दिवाली 2026 के अवसर पर दुनियाभर के सिनेमाघरों में प्रदर्शित होगी।



