सुरक्षित समाज के लिए पुलिस, सुरक्षा तंत्र और तकनीक का समन्वय जरूरी_सह पुलिस आयुक्त संजय दराडे
PSP-ASIS Connect Conclave में 8 पुलिसकर्मियों का सम्मान

पुणे। सुरक्षित और सक्षम कार्यस्थल तथा समाज के निर्माण के लिए पुलिस, सुरक्षा क्षेत्र के विशेषज्ञों, तकनीकी विशेषज्ञों, सरकारी एजेंसियों, संस्थाओं और नागरिकों के बीच बेहतर समन्वय जरूरी है। तकनीक के साथ मानवीय बुद्धिमत्ता और जनकेंद्रित दृष्टिकोण को जोड़ा जाए तो अधिक सुरक्षित, सक्षम और भविष्य के लिए तैयार समाज बनाया जा सकता है। यह बात पुणे के सह पुलिस आयुक्त संजय दराडे ने कही।
वे पुणे सिक्योरिटी प्रोफेशनल्स (PSP) और ASIS International, Pune Chapter के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित ‘PSP-ASIS Connect Conclave’ में बोल रहे थे। ‘Security Resilience Through Collaboration’ विषय पर आयोजित यह कॉन्क्लेव अमनोरा द फर्न होटल में हुआ। कार्यक्रम में पूर्व मुख्य श्रम आयुक्त डॉ. ओंकार शर्मा, पुणे सिक्योरिटी प्रोफेशनल्स के संस्थापक मंगेश काटे और सुनील बीडलम, समिति सदस्य लॉयड्स दास, ज्योति मीना और शेखर मेहता सहित सुरक्षा, जोखिम प्रबंधन, सरकारी तंत्र और तकनीकी क्षेत्र के विशेषज्ञ उपस्थित थे।
स्मार्ट ऑफिस में तकनीक और सुरक्षा का समन्वय
कॉन्क्लेव में ‘The Smart Office Ecosystem: Integrating Security into Workplace Experience’ विषय पर पैनल चर्चा हुई। सुरक्षित और स्मार्ट कार्यस्थल के लिए मानव संसाधन, तकनीक, सुरक्षा और इंटेलिजेंस के समन्वय पर जोर दिया गया। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, इंटरनेट ऑफ थिंग्स, ऑटोमेशन, डेटा एनालिटिक्स, प्रेडिक्टिव इंटेलिजेंस और स्मार्ट इंफ्रास्ट्रक्चर के माध्यम से फिजिकल, साइबर और ऑपरेशनल सुरक्षा को मजबूत करने पर विशेषज्ञों ने विचार रखे।
चर्चा का संचालन अंबरिश पुरोहित ने किया। पैनल में रजत कबदल, दिपेश गंग्राडे, गिनी थुक्राल, शैलेश कुमार और हरीश कुरूप ने अपने विचार रखे।
श्रम सुधारों पर डॉ. ओंकार शर्मा ने किया मार्गदर्शन
पूर्व मुख्य श्रम आयुक्त डॉ. ओंकार शर्मा ने श्रम सुधारों पर मार्गदर्शन किया। उन्होंने श्रम प्रशासन, औद्योगिक संबंध, अनुपालन, सामाजिक सुरक्षा, व्यावसायिक सुरक्षा और कार्यस्थल की परिस्थितियों से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर प्रकाश डाला।
कॉन्क्लेव के समापन पर सुरक्षा क्षेत्र के विशेषज्ञों और उद्योग प्रतिनिधियों के बीच विचारों का आदान-प्रदान हुआ। इस दौरान एकीकृत सुरक्षा रणनीति, तकनीक आधारित सुरक्षा व्यवस्था, सुरक्षित कार्यस्थल, संस्थागत लचीलापन, ज्ञान के आदान-प्रदान और भविष्य के लिए तैयार सुरक्षा नेतृत्व की आवश्यकता पर जोर दिया गया।
8 पुलिसकर्मियों को एक्सीलेंस इन पुलिस सर्विस अवॉर्ड
अपराध का पता लगाने, जांच, अपराध रोकथाम और विशेष पुलिसिंग में उल्लेखनीय कार्य करने वाले 8 पुलिसकर्मियों को ‘Excellence in Police Service Awards 2025-26’ से सम्मानित किया गया।
सहायक पुलिस निरीक्षक उमेश कारके और पुलिस हेड कॉन्स्टेबल नितीन मुंढे को घरफोड़ियों के 9 मामलों का पता लगाने, 4 आरोपियों को गिरफ्तार करने और करीब 37 लाख रुपए का माल बरामद करने के लिए सम्मानित किया गया।
पुलिस कॉन्स्टेबल ज्ञानेश्वर महादेव चित्ते को अवैध रूप से निर्मित 3 देशी पिस्तौल जब्त कर आरोपियों को गिरफ्तार करने के लिए सम्मानित किया गया।
पुलिस सब-इंस्पेक्टर संतोष भांडवलकर को हत्या, हत्या के प्रयास, चोरी, घरफोड़ियों और अवैध हथियारों से जुड़े 14 मामलों में 22 आरोपियों को गिरफ्तार करने तथा करीब 30 लाख रुपए का माल बरामद करने के लिए सम्मानित किया गया।
पुलिस कॉन्स्टेबल विजय केशव खिलारी को निगरानी और प्रतिबंधात्मक पुलिसिंग में उल्लेखनीय कार्य के लिए सम्मानित किया गया। उन्होंने MCOCA, MPDA, तड़ीपारी और बांड उल्लंघन संबंधी मामलों में कार्रवाई में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
पुलिस हेड कॉन्स्टेबल संदीप थावर राठोड को CDR, MDAT और CCTV विश्लेषण के जरिए 8 अपराधों की जांच में मदद करने तथा एक अपहरण मामले में महज 6 घंटे में पीड़ित को सुरक्षित मुक्त कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने के लिए सम्मानित किया गया।
सहायक पुलिस निरीक्षक अमित शेटे को जांच के दौरान आरोपियों को गिरफ्तार कर देशी पिस्तौल, मैगजीन और जिंदा कारतूस बरामद करने के लिए सम्मानित किया गया।
सहायक पुलिस निरीक्षक श्रीकांत चव्हाण को फिरौती वसूली विरोधी कार्रवाई में राजस्थान से बिश्नोई गिरोह से जुड़े आरोपियों को गिरफ्तार करने तथा 3 पिस्तौल, 3 मैगजीन और 40 जिंदा कारतूस बरामद करने के लिए सम्मानित किया गया।
21 साल के अनुभव के लिए राहुल शर्मा सम्मानित
‘Journey of Excellence Award’ से कोपा मॉल, लेकशोर इंडिया प्राइवेट लिमिटेड, पुणे के सिक्योरिटी मैनेजर राहुल शर्मा को सम्मानित किया गया। सुरक्षा नेतृत्व के क्षेत्र में उनके 21 वर्षों से अधिक के अनुभव और सुरक्षित, लचीले तथा जनकेंद्रित कार्यस्थल तैयार करने में उनके योगदान को देखते हुए यह सम्मान दिया गया।
इसके अलावा ताज होटल सेंटर मुंबई के कॉर्पोरेट डायरेक्टर – रिस्क मैनेजमेंट एंड सिक्योरिटी प्रमोद अहिरे को सुरक्षा गार्ड से वरिष्ठ सुरक्षा नेतृत्व तक के उनके प्रेरणादायी करियर सफर के लिए सम्मानित किया गया।
कॉन्क्लेव ने सुरक्षा क्षेत्र के विशेषज्ञों, पुलिस अधिकारियों और उद्योग प्रतिनिधियों को एक साझा मंच प्रदान किया, जहां बदलती सुरक्षा चुनौतियों, तकनीक के बढ़ते उपयोग और भविष्य की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर व्यापक चर्चा हुई।


